Matlabi Shayari in Hindi – 60 Matlabi Log, Duniya Aur Rishte Shayari

60 original shayari • 3 shayari pics • Copy & WhatsApp share

Kuch log sirf zaroorat ke waqt yaad karte hain. Yahan Matlabi Shayari in Hindi ki original collection hai — matlabi logon, matlabi duniya aur matlab ke rishton par.

Pasand aaye to copy karein ya seedha WhatsApp par share karein.

Matlabi Log Shayari

Zaroorat ke waqt yaad karne walon ke naam.

मतलब निकल गया तो पहचानते नहीं,
ऐसे लोगों को अब हम मानते नहीं।

ज़रूरत थी तो हर दिन याद किया,
काम हुआ तो हमें बर्बाद किया।

Matlabi Shayari – ज़रूरत थी तो हर दिन याद किया

जो सिर्फ़ मतलब से मिलते हैं,
वो फूल नहीं, काँटे से खिलते हैं।

अब समझ आया लोगों का खेल,
मतलब का है यहाँ हर मेल।

मीठी बातें, कड़वे इरादे,
मतलबी लोगों के झूठे वादे।

काम पड़ा तो भाई बना लिया,
काम ख़त्म तो पराया बना दिया।

मतलबी लोगों की पहचान यही है,
वक़्त बदलते ही उनकी ज़ुबान वही नहीं है।

हमने सबको दिल से अपनाया,
सबने हमें बस काम में लाया।

जो सिर्फ़ मतलब से याद करते हैं,
वो दिल में कभी घर नहीं करते हैं।

मतलबी हैं लोग, पर हम नहीं बदलेंगे,
अपनी अच्छाई से ही आगे चलेंगे।

Matlabi Duniya Shayari

Is duniya mein har rishta kisi matlab se juda hai.

ये दुनिया मतलब की है यारो,
यहाँ अपने भी पराए हैं यारो।

मतलबी दुनिया में सच्चा कौन है,
हर चेहरे के पीछे एक मौन है।

पैसा है तो सब सलाम करते हैं,
वरना लोग नाम भी बदनाम करते हैं।

इस दुनिया ने सिखाया ये सबक़,
मतलब से ही चलता है यहाँ हर हक़।

मतलबी दुनिया का यही दस्तूर है,
जो काम आए, वही मशहूर है।

दुनिया वालों से अब क्या गिला करें,
जब अपने ही मतलब से मिला करें।

यहाँ हर हाथ में कोई ख़ंजर है,
मतलब की दुनिया का यही मंज़र है।

अच्छा बनोगे तो लोग इस्तेमाल करेंगे,
बुरा बनोगे तो सवाल करेंगे।

मतलबी दुनिया में दिल लगाना मना है,
यहाँ हर मुस्कान के पीछे बहाना है।

दुनिया ने जितना ठुकराया, उतना सीखा,
मतलब का हर चेहरा अब साफ़ दिखा।

Matlabi Rishte Shayari

Jab rishte bhi faayde nuksaan se tole jaane lagein.

रिश्ते अब दिल से नहीं, मतलब से बनते हैं,
लोग ज़रूरत पर ही अपनों से मिलते हैं।

जिन रिश्तों पर नाज़ था हमें,
उन्होंने ही दिया सबसे बड़ा ग़म हमें।

मतलब के रिश्ते ज़्यादा दिन नहीं चलते,
ऐसे पेड़ कभी फल नहीं फलते।

अपनों ने ही सिखाया मतलब का मतलब,
अब हर रिश्ते पर होता है शक़ बेसबब।

Matlabi Shayari – अपनों ने ही सिखाया मतलब का मतलब

ख़ून के रिश्ते भी अब पैसे से तौले जाते हैं,
मतलब निकलते ही सब भूले जाते हैं।

जो रिश्ता मतलब पर टिका हो,
वो कभी भी टूट सकता है, ये लिखा हो।

हमने हर रिश्ता निभाया दिल से,
उन्होंने निभाया बस अपनी मंज़िल से।

रिश्तों में अब वो गर्माहट नहीं,
मतलब के सिवा कोई आहट नहीं।

कुछ रिश्ते बस नाम के रह गए,
मतलब पूरा हुआ, तो सब बह गए।

सच्चे रिश्ते कम ही सही, पर हैं,
बाक़ी सब मतलब के सफ़र हैं।

Matlabi Dost Shayari

Dosti ke naam par matlab nikalne walon ke liye.

दोस्त कहते थे, पर दोस्ती नहीं निभाई,
मतलब निकला तो शक्ल भी नहीं दिखाई।

मुश्किल में जो साथ छोड़ जाए,
वो दोस्त नहीं, बस एक साया कहलाए।

मतलबी यारों से अच्छी है तन्हाई,
कम से कम इसमें नहीं है बेवफ़ाई।

पार्टी में सबसे आगे थे जो यार,
मुसीबत में वही हो गए फ़रार।

दोस्ती का नाम ले कर ठगा,
ऐसे यारों से अब दिल न लगा।

मतलब के दोस्त पहचान में आ गए,
बुरे वक़्त में सब कहीं छुप कर समा गए।

सच्चा दोस्त एक ही काफ़ी है,
मतलबी हज़ार की भी नहीं माफ़ी है।

जिसे भाई कहा, उसने ही धोखा दिया,
दोस्ती का हर वादा झूठा किया।

अब दोस्त कम, जान-पहचान ज़्यादा है,
हर यारी में कोई छुपा इरादा है।

मतलबी दोस्तों ने सिखा दिया ये हुनर,
भरोसा करो, पर आँखें रखो खुली हर पहर।

Matlabi Shayari 2 Line

Chhoti, seedhi baat — matlabi logon ke liye.

मतलब से मिलने वाले मतलब तक ही रहते हैं,
फिर वो भी हमें अजनबी कहते हैं।

ज़रूरत में याद आए तो समझ लेना,
तुम बस उनके लिए एक खिलौना।

मीठा बोलने वाले सब अपने नहीं होते,
हर चमकते चेहरे सच्चे नहीं होते।

काम के वक़्त “जान” कहते थे,
काम के बाद अनजान रहते थे।

मतलब का हर रिश्ता कच्चा धागा है,
ज़रा सा खिंचा और टूट के भागा है।

हमने दिया सब, उन्होंने लिया सब,
फिर भी शिकायत उन्हीं को है अब।

Matlabi Shayari – हमने दिया सब, उन्होंने लिया सब

लोग बदलते नहीं, बस असली रूप दिखाते हैं,
वक़्त आने पर ही सब नज़र आते हैं।

मतलबी से दूरी ही सबसे अच्छी दवा है,
इससे बेहतर कोई और नहीं दुआ है।

जो मतलब से प्यार करे, वो प्यार नहीं,
ऐसा इश्क़ किसी काम का यार नहीं।

आज समझ आया सबका असली चेहरा,
मतलब के बिना कोई नहीं मेरा।

Matlabi Status in Hindi

Ek line — seedha status ke liye.

मतलब ख़त्म, रिश्ता ख़त्म। 💔

ज़रूरत के यार, वक़्त के साथ फ़रार।

सबको पहचान लिया है अब। 🙂

मतलबी लोगों से दूर रहना ही समझदारी है।

Use and throw वाली दुनिया।

अब कोई भी काम का नहीं, सिवा ख़ुद के।

अपनों का असली चेहरा बुरे वक़्त में दिखता है।

मीठी ज़ुबान, खोटा दिल। 🎭

मतलब से याद करने वालों को अब याद नहीं करते।

हम अच्छे थे, इसीलिए इस्तेमाल हुए।

Matlabi Shayari – FAQs

Matlabi shayari kya hoti hai?

Matlabi shayari un logon aur rishton par hoti hai jo sirf apne fayde ke liye saath dete hain aur kaam nikalte hi badal jaate hain.

Matlabi logon par status kaise lagayein?

Is page ke 2 Line aur Status sections chhote hain — kisi bhi shayari par copy ya WhatsApp button dabayein.

Kya ye shayari original hai?

Haan, is page ki shayari hamari team ne khud likhi hai.

Matlabi logon se sabak lo, nafrat nahi. Aur shayari ke liye dekhein Sad Shayari in Hindi.